बैलेंस चेक करने पर भी देना होगा चार्ज

एटीएम से पैसे निकालने पर शुल्क बढ़ाने की मंजूरी

Charges will have to be paid even for checking tickets, approval to increase charges on ATM withdrawals
Charges will have to be paid even for checking tickets, approval to increase charges on ATM withdrawals

मुंबई। 1 मई से भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने एटीएम से पैसे निकालने पर शुल्क बढ़ाने की मंजूरी दी है। यह बदलाव ग्राहकों के लिए एक नया चुनौती बना सकता है, क्योंकि अब उन्हें अधिक शुल्क देना होगा जब वे अपने वॉलेट से पैसे निकालेंगे। नए नियम के अनुसार, दूसरे बैंक के एटीएम से पैसे निकालने पर और बैलेंस चेक करने पर ग्राहकों को अधिक शुल्क चुकाना होगा।

पहले मुफ्त लेन-देन की लिमिट कम थी, लेकिन अब शुल्क बढ़ने से ग्राहकों को और ज्यादा खर्च करना पड़ेगा। इस बढ़े हुए शुल्क का असर छोटे बैंकों पर भी होगा, क्योंकि उनके पास सीमित एटीएम इंफ्रास्ट्रक्चर है। उन्हें अब ग्राहकों को सेवा प्रदान करते समय अधिक शुल्क वसूलना होगा, जिससे वह अपनी लागतों को संतुलित रखने में मुश्किल हो सकती है। इस परिस्थिति में ग्राहकों को डिजिटल पेमेंट्स का इस्तेमाल करने और अतिरिक्त शुल्क से बचने का सुझाव दिया जा रहा है। इस नए नियम के लागू होने से बैंकिंग लागत बढ़ सकती है। increase charges on ATM withdrawals

नई फीस दरें इस प्रकार हैं-

कैश निकासी शुल्क: 17 रुपए से बढ़कर 19 रुपए हो जाएगा।

बैलेंस चेक शुल्क: 6 रुपए से बढ़कर 7 रुपए हो जाएगा।

ये शुल्क तब लागू होंगे जब ग्राहक अपनी मुफ्त ट्रांजैक्शन लिमिट पार कर लेंगे। मेट्रो शहरों में पांच और नॉन-मेट्रो शहरों में तीन मुफ्त लेनदेन की सीमा तय है।

source – ems