Chaitra Navratri 2025: शुभ मुहूर्त में करें कलश स्थापना

चैत्र नवरात्र पर सूर्योदय से लेकर दोपहर 2 बजे तक घरों में कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त है। यानी कि आठ घंटे का समय मिलेगा। 

मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए 10 महाविद्याओं की पूजा की जाती है, जबकि चैत्र माह की नवरात्रि को चैत्र नवरात्रि एवं आश्विन माह में आने वाली नवरात्रि को शारदीय नवरात्रि कहा जाता है। इस दौरान मां दुर्गा के 9 अलग-अलग स्वरूपों की पूजा की जाती है। अंतिम दिन कन्याओं को भोजन कराकर मां का आशीर्वाद लिया जाता है। 30 मार्च से ही हिंदू नववर्ष की शुरुआत होगी। chaitra navratri 2025

सुबह सूर्य को अर्घ्य देकर शंख ध्वनि के बीच नए साल का स्वागत किया जाएगा। साथ ही महाराष्ट्रीय समाज का प्रमुख पर्व गुड़ीपड़वा भी मनाया जाएगा। चैत्र शुक्ल प्रतिपदा 30 मार्च को घटस्थापना के साथ नवरात्रि महापर्व की शुरुआत होगी। पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा की जाएगी।

पंचांग के अनुसार इस बार नवरात्रि 9 की बजाय 8 दिन की होगी। 2 अप्रैल को चतुर्थी और पंचमी तिथि एक ही दिन होने से ऐसा होगा। इधर, नवरात्रि पर्व को देखते हुए शहर के विभिन्न दैवीय मंदिरों में साफ-सफाई और रंगरोगन सहित अन्य तैयारियां शुरू हो गई हैं।

source – pandit lalit